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Showing posts from March 24, 2020

Review of fact history four बुक|किरण प्रकाशन|आर्य कॉप्टिशन| ज्ञान पुस्तक|महेश बरनवाल

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  Review of fact history four बुक: ज्ञान पुस्तक,महेश बरनवाल किरण प्रकाशन,आर्य कॉप्टिशन विषय प्रवेश--  यदि कोई छात्र इंटरमीडिट के एग्जाम पास करने के बाद कॉम्पटीशन लाइन में प्रवेश करता है तो उसे पुस्तको के चयन में बहुत कंफ्यूज़न होता है। इस review से इतिहास की सही बुक लेने में मदद मिलेगी। Review of four books  आज हम बाज़ार में उपलब्ध चार फैक्ट आधारित बुक्स का रिव्यु करता हूँ ।  क्योंकि ज़्यादातर वनडे एग्जाम रेलवे,एस एस सी, लेखपाल या पटवारी का एग्जाम ग्राम विकास अधिकारी ,कांस्टेबल का एग्जाम,SI का एग्जाम,असिस्टेन्स टीचर्स,DSSB आदि के एग्जाम में इतिहास के फैक्चुअल प्रश्न पूंछे जाते हैं हालांकि वो GS पर आधारित हैं पर उन प्रश्नों हल करने के लिए भी कुछ डीप स्टडी जरूरी है। इसके लिए आप या तो आप ख़ुद नोट्स तैयार करें या फ़िर इन बुक्स की मदद लेकर विभिन्न वनडे एग्जाम में हिस्ट्री के प्रश्नों को आसानी से सही कर पाने में सक्षम हो पाते हैं।  पहली पुस्तक की बात करते है जो इतिहास के फैक्ट पर आधारित है। ज्ञान इतिहास की । इस पुस्तक का संंपादन ज्ञान चंद यादव ने किया है।    इस बुक में इतिहास के बिन्दुओं को क्रमब

सिंधु सभ्यता की विशेषतायें क्या थीं

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  सिंधु सभ्यता  की विशेषतायें --- हड़प्पा  सभ्यता अपने समकालीन सभ्यताओं मेसोपोटामिया की सभ्यता और मिस्र की  सभ्यताओं से अलग विशेषतायें थीं।  सिंधु सभ्यता का विस्तार-         इस सभ्यता का विस्तार व्यापक था ,ये सभ्यता उत्तर में जम्मू के मांडा तक विस्तृत थी तो दक्षिण में नर्मदा नदी  तट तक      विस्तृत थी   ,उसी तरह पूर्व में आलमगीरपुर स्थल से पश्चिम में बलूचिस्तान तक सुत्कागेंडोर और सोतकाकोह तक विस्तृत थी ।    इस सभ्यता की महत्वपूर्ण विशेषता ये नगरीय सभ्यता थी , सिंधु युगीन  स्थलों की सूची 1450 के आसपास है जिनमे कुछ नगरीय थे और कुछ ग्रामीण भी थे।  सिंधु सभ्यता का नगरीय जीवन की विशेषताऐं-- यदि हम ग्रामीण और नगरीय जीवन में विभेद करें तो पाते है कि कुछ तत्व जो नगरीय जीवन में पाये जाते हैं वो ग्रामीण जीवन में नहीं पाये जाते , सामान्यता ग्रामीण बस्ती का आकार छोटा होता है जो पांच से आठ दस हेक्टयर तक होती हैं जबकि नगरों का विस्तार 20 हेक्टयर से अधिक होता है यदि हम सैंधव कालीन बस्तियों के बारे में  अध्ययन   करें तो पाते हैं की इनका विस्तार 60 से 100 हेक्टेयर  के बीच या उससे भी ज़्याद